उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले के शक्तिनगर से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने सरकारी तंत्र की संवेदनहीनता को फिर से उजागर कर दिया है। मानवता को भी शर्मसार करने वाली इस घटना से स्थानीय लोगों में सरकारी तंत्र के प्रति नाराजगी देखने को मिल रही है। मामला शक्तिनगर थाना क्षेत्र के चिल्काडाड का है, जब एक 70 साल के बुजुर्ग शख्स को कागजों में मारा हुआ घोषित कर दिया गया। सरकारी तंत्र की ऐसी मार बुजुर्ग कांता पांडेय पर पड़ी कि उसे मिलने वाली सरकारी मदद- वृद्धा पेंशन और राशन दोनों ही बंद हो गए। जब इस बात की जानकारी बुजुर्ग को हुई, तो वो सरकारी दफ्तरों के चक्कार लगाने लगा।
