Macfos IPO: ई-कॉमर्स कंपनी मैकफोस (Macfos) के आईपीओ को लेकर निवेशकों ने जबरदस्त रुझान दिखाया। ओवरऑल यह इश्यू 194 गुना सब्सक्राइब हुआ है और ग्रे मार्केट में भी शेयरों की स्थिति मजबूत दिख रही है। मैकफोस के 24 करोड़ रुपये के इश्यू के लिए 96-102 रुपये का प्राइस बैंड फिक्स किया गया था। वहीं ग्रे मार्केट में यह 84 रुपये की GMP (ग्रे मार्केट प्रीमियम) पर ट्रेड हो रहा है यानी कि इसके शेयर 1 मार्च को BSE-SME पर 82 फीसदी प्रीमियम पर 186 रुपये के भाव पर लिस्ट हो सकते हैं। हालांकि मार्केट एक्सपर्ट्स का मानना है कि ग्रे मार्केट से मिले संकेतों की बजाय कंपनी के फंडामेंटल्स और फाइनेंशियल्स के साथ-साथ लिस्टिंग के दिन बाजार की परिस्थितियों के हिसाब से इसके शेयर लिस्ट होंगे।
Macfos IPO को निवेशकों का शानदार रिस्पांस
मैकफोस का 24 करोड़ रुपये का आईपीओ 17-21 फरवरी के बीच सब्सक्रिप्शन के लिए खुला था। इश्यू के लिए 96-102 रुपये का प्राइस बैंड और 1200 शेयरों का लॉट फिक्स किया गया था। इश्यू को निवेशकों का शानदार रिस्पांस मिला। क्लालिफाइड इंस्टीट्यूशनल इंवेस्टर्स (QIB) के लिए आरक्षित हिस्सा 21.60 गुना, नॉन-इंस्टीट्यूशनल इंवेस्टर्स का 659.99 गुना और खुदरा निवेशकों को 268.45 गुना सब्सक्राइब हुआ। ओवरऑल यह इश्यू 193.87 गुना सब्सक्राइब हुआ।
इस इश्यू के जरिए कंपनी के शेयरधारकों ने ऑफर फॉर सेल (OFS) के तहत 23.28 लाख इक्विटी शेयरों की बिक्री की है। अतुल मारुति डुंबरे, बिनोद प्रसाद और नीलेशकुमार पुरुषोत्तम चव्हण कंपनी के प्रमोटर्स हैं। अब शेयरों का अलॉटमेंट 24 फरवरी को फाइनल होगा। जिन्हें ये शेयर मिलेंगे, उनके खातों में इसे 28 फरवरी को भेजा जाएगा और जिन्हें शेयर नहीं मिलते हैं, उनके पैसों को 27 फरवरी को वापस भेजा जाएगा। इस इश्यू का रजिस्ट्रार बिगशेयर सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड है। शेयरों की लिस्टिंग 1 मार्च को बीएसई एसएमई पर होगी।
कंपनी के बारे में डिटेल्स
मैकफोस ने अपना कारोबार 2017 से शुरू किया था। इसकी एक ई-कॉमर्स वेबसाइट और मोबाइल ऐप Robu.in है। यह कंपनी रोबोटिक पार्ट्स, ई-बाइक पार्ट्स, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT) और वायरलेस आइटम्स, 3डी प्रिंटर और पार्ट्स, सेंसर्स, मोटर्स, मोटर ड्राइवर्स, पंप्स, बैटरीज, चार्जर्स और इलेक्ट्रॉनिक मॉड्यूल्स एंड डिस्प्ले इत्यादि जैसे मैकेनिकल और इलेक्ट्रॉनिक कंपोनेंट्स की बिक्री करती है।
30 सितंबर 2022 तक उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक इसके देश-विदेश में 140 से अधिक वेंडर्स हैं। यह ओएनजीसी, एमएंडएम, एचएएल, टाटा पॉवर सोलर सिस्टम्स, भारत फोर्जे, टाटा कम्यूनिकेशंस इत्यादि कंपनियों को प्रोडक्ट्स सप्लाई करती है। वित्त वर्ष 2021-22 में इसे देश भर से 2 लाख से अधिक ऑर्डर हासिल हुए थे। कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो वित्त वर्ष 2019-20 में इसे 32.97 लाख रुपये का शुद्ध मुनाफा हासिल हुआ था जो अगले वित्त वर्ष 2021 में बढ़कर 1.58 करोड़ रुपये और फिर अगले वित्त वर्ष 2022 में 6.01 करोड़ रुपये पर पहुंच गया।