मई 2022 को समाप्त हुए हफ्ते में भारतीय बाजार 4 फीसदी की गिरावट के साथ बंद हुए हैं। आरबीआई द्वारा एका-एक ब्याज दरों में की गई बढ़ोतरी और ग्लोबल मार्केट में कमजोरी के संकेत के चलते भारतीय बाजारों में भी सेंटीमेंट खराब रहा। बढ़ती महंगाई से निपटने के लिए यूएस फेड , बैंक ऑफ इंग्लैंड और ECB जैसे दुनिया के अहम केंद्रीय बैंक अपनी दरों में बढ़ोतरी कर रहे है। ब्याज दरों में बढ़ोतरी के चलते ग्रोथ पर इकोनॉमी ग्रोथ पर नेगेटिव असर की संभावना को देखते हुए निवेशक सर्तक नजर आ रहे है। इसका असर भारत सहित दुनिया भर के बाजारों पर देखने को मिल रहा है।
