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RBL Bank धड़ाम, मार्च तिमाही के रिजल्ट के बाद मैनेजमेंट ने दी चेतावनी तो 5% टूटे शेयर

RBL Bank Shares: लगातार तीन कारोबारी दिनों की गिरावट के बाद सेंसेक्स (Sensex) और निफ्टी 50 (Nifty 50) आज ग्रीन हुए तो दूसरी तरफ आरबीएल बैंक के शेयर धड़ाम हो गए। इसकी वजह मार्च 2026 तिमाही के नतीजे के बाद बैंक के मैनेजमेंट की चेतावनी है। जानिए बैंक के मैनेजमेंट ने किन बातों को लेकर सतर्क किया है और ब्रोकरेजेज का क्या रुझान है

Edited By: Jeevan Deep Vishawakarmaअपडेटेड Apr 27, 2026 पर 3:58 PM
RBL Bank धड़ाम, मार्च तिमाही के रिजल्ट के बाद मैनेजमेंट ने दी चेतावनी तो 5% टूटे शेयर
मार्च 2025 तिमाही में RBL Bank की ब्याज से शुद्ध इनकम यानी NII सालाना आधार पर 6.9% बढ़कर ₹1,671 करोड़ पर पहुंच गया तो शुद्ध मुनाफा तीन गुना से अधिक बढ़कर ₹230 करोड़ पर पहुंच गया।

RBL Bank Shares: प्राइवेट सेक्टर के दिग्गज लेंडर आरबीएल बैंक के शेयरों में आज बिकवाली का तेज दबाव दिखा। इसकी वजह मैनेजमेंट की एक चेतावनी है जिसमें इसने कहा है कि वित्त वर्ष 2027 की पहली छमाही में उसके क्रेडिट कार्ड बिजनेस पर दबाव बना रहेगा। बैंक के मैनेजमेंट ने यह चेतावनी पोस्ट-अर्निंग्स कॉल में दी। इस चेतावनी की आंच में आरबीएल बैंक के शेयर आज धड़ाम हो गए। आज बीएसई पर यह 2.83% की गिरावट के साथ ₹312.75 के भाव (RBL Bank Share Price) पर बंद हुआ है। इंट्रा-डे में यह 4.96% फिसलकर ₹305.90 तक आ गया था।

RBL Bank के मैनेजमेंट ने क्या कहा?

आरबीएल बैंक के मैनेजमेंट ने इस वित्त वर्ष 2027 की पहली छमाही में क्रेडिट कार्ड से जुड़े दबाव के हाई बने रहने की चेतावनी दी है लेकिन साथ ही यह भी कहा है कि दूसरी छमाही से इसमें स्पष्ट सुधार दिखने की उम्मीद है। दूसरी छमाही में मैनेजमेंट का मानना है कि क्रेडिट कार्ड स्लिपेज 7%-7.5% के लेवल तक आ सकता है, जबकि क्रेडिट कॉस्ट 5.5% रहने का अनुमान है। मैनेजमेंट का कहना है कि वित्त वर्ष 2027 में डिपॉजिट ग्रोथ सुस्त रह सकती है क्योंकि एमिरेट्स एनबीडी के निवेश के बाद यह अधिक खर्च वाले डिपॉजिट्स को जुटाने पर ध्यान नहीं देगा। बैंक के मुताबिक इसकी डिपॉजिट ग्रोथ सिंगल या लो-डबल डिजिट्स में रह सकती है। बैंक का यह भी कहना है कि माइक्रोफाइनेंस से जुड़ा दबाव अपने चरम पर पहुंच चुका है और जैसे-जैसे कम स्लिपेज का प्रभाव दिखेगा, प्रोविजंस में कमी आनी शुरू हो सकती है।

क्या कहना है ब्रोकरेज फर्म का?

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