Resourceful Auto IPO Listing: पिछले कुछ दिनों से दो शोरूम और 8 एंप्लॉयीज वाली कंपनी रिसोर्सफुल ऑटो के आईपीओ को खुदरा निवेशकों के ताबड़तोड़ रिस्पांस का जिक्र हो रहा था, आज उसके शेयरों की BSE के SME प्लेटफॉर्म पर फीकी एंट्री ने करारा झटका दिया। इसके आईपीओ को ओवरऑल 418 गुना से अधिक बोली मिली थी। इसमें खुदरा निवेशकों का हिस्सा 496 गुना से अधिक भरा था। आईपीओ के तहत 117 रुपये के भाव पर शेयर जारी हुए हैं। आज BSE SME पर इसकी 117 रुपये पर एंट्री हुई है यानी कि आईपीओ निवेशकों को कोई लिस्टिंग गेन (Resourceful Auto Listing Gain) नहीं मिला।
लिस्टिंग के बाद आईपीओ निवेशकों को और झटका लगा जब शेयर टूट गए। टूटकर यह 111.15 रुपये (Resourceful Auto Share Price) के लोअर सर्किट पर आ गया। हालांकि फिर इसने रिकवरी की और यह 122.85 रुपये के अपर सर्किट पर पहुंच गया और इसी पर बंद भी हुआ यानी कि पहले कारोबारी दिन की समाप्ति पर आईपीओ निवेशक 5 फीसदी मुनाफे में हैं।
Resourceful Auto IPO को मिला था तगड़ा रिस्पांस
रिसोर्सफुल ऑटो का ₹11.99 करोड़ का आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 22-26 अगस्त तक खुला था। खुदरा निवेशकों के दम पर इस आईपीओ को निवेशकों का जबरदस्त रिस्पांस मिला था और ओवरऑल यह 418.82 गुना सब्सक्राइब हुआ था। खुदरा निवेशकों के लिए आरक्षित हिस्सा 496.22 गुना भरा था। इस आईपीओ के तहत 10 रुपये की फेस वैल्यू वाले 1,10,24,800 नए शेयर जारी हुए हैं। इन शेयरों के जरिए जुटाए गए पैसों का इस्तेमाल दिल्ली-एनसीआर में नए शोरूम खोलने, कर्ज चुकाने, वर्किंग कैपिटल की बढ़ी हुई जरूरतों को पूरा करने और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों में होगा।
Resourceful Auto के बारे में
वर्ष 2018 में बनी रिसोर्सफुल ऑटोमोबाइल साहनी ऑटोमोबाइल (Sawhney Automobile) के तहत यामाहा के दोपहिया बाइक्स बेचती है। इसके दो शोरूम हैं- एक नई दिल्ली के द्वारका में द ब्लू स्क्वॉयर शोरूम और दूसरा नई दिल्ली के पालम रोड पर। मार्च 2024 तक के आंकड़ों के मुताबिक इसके 8 स्थायी एंप्लॉयीज हैं। कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो यह लगातार मजबूत हुई है।
वित्त वर्ष 2021 में इसे 0.16 लाख रुपये का शुद्ध मुनाफा हुआ था जो अगले वित्त वर्ष 2022 में उछलकर 28.73 लाख रुपये और वित्त वर्ष 2023 में 41.5 लाख रुपये पर पहुंच गया। इस दौरान कंपनी का रेवेन्यू सालाना 31 फीसदी से अधिक की चक्रवृद्धि दर (CAGR) से बढ़कर 19.38 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। पिछले वित्त वर्ष 2023-24 की बात करें तो 11 महीने में इसे 1.52 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा और 17.24 करोड़ रुपये का रेवेन्यू हासिल हो चुका है। हालांकि इस दौरान कंपनी पर कर्ज भी 2.70 करोड़ रुपये से बढ़कर 9.92 करोड़ रुपये पर पहुंच चुका है।