पिछले 1 साल के संघर्ष के बाद अब स्मॉल और मिडकैप शेयरों में एक बार फिर से रिकवरी के संकेत दिख रहे हैं। डिमांड और अर्निंग में ग्रोथ की संभावनाओं को चलते छोटे-मझोले शेयर तेजी पकड़ते दिख रहे हैं। आरबीआई की तरफ से ब्याज दरों में बढ़ोतरी पर लगाम लगने से भी मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में उत्साह लौटता दिखा है। BSE के मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स में पिछले 12 कारोबारी सत्रों में से 11 कारोबारी सत्रों में बढ़त देखने को मिली है। अप्रैल में BSEके मिडकैप इंडेक्स में 4.3 फीसदी की और स्मॉलकैप इंडेक्स में 5.3 फीसदी की बढ़त देखने को मिली है। इस बढ़त के कारण चार महीनों की गिरावट के बाद निफ्टी पहली मंथली बढ़त की और बढ़ता दिख रहा है।
