स्टॉक मार्केट्स (Stock Markets) के लिए यह दिसंबर 28 साल में सबसे ठंडा रहा है। Sensex और Nifty में इस महीने 4 फीसदी से ज्यादा गिरावट आई है। दुनिया में कोरोना के बढ़ते मामले, केंद्रीय बैंकों के इंटरेस्ट रेट्स और बढ़ाने का अनुमान और ग्लोबल इकोनॉमी पर मंदी के बढ़ते खतरे का असर स्टॉक मार्केट्स पर पड़ा है। दिसंबर में अब तक सेंसेक्स 2,760 अंक यानी 4.37 फीसदी गिरा है, जबकि Nifty 860 अंक यानी 4.32 फीसदी टूटा है। इससे पहले 1994 में सेंसेक्स में 4.8 फीसदी और Nifty में 5.1 फीसदी की गिरावट आई थी। इससे पहले 2018 में सेंसेक्स और निफ्टी का रिटर्न निगेटिव रहा था। 2021 में दोनों सूचकांकों में करीब 2.1 फीसदी उछाल आया था, जबकि 2020 में ये 8 फीसदी से ज्यादा चढ़े थे। साल 2022 का आखिरी महीना शेयर बाजार के निवेशकों के लिए बहुत अच्छा रहने के आसार नहीं है। साल 2022 का यह आखिरी हफ्ता चल रहा है। निफ्टी में भी 200 अंक से ज्यादा की तेजी दिखी।
