22 अप्रैल को बाजार में 2 दिनों की लगातार तेजी के बाद गिरावट देखने को मिली थी। यूएस फेड चेयरमैन जेरोम पॉवेल के ये संकेत देनें के बाद कि मई की पॉलिसी मीट में ब्याज दरों में 50 बेसिस प्वाइंट की बढ़ोत्तरी हो सकती है, ग्लोबल मार्केट दबाव में आ गए थे। इसका असर भारतीय बाजारों पर भी देखने को मिला था। पिछले कारोबारी दिन सेंसेक्स 700 अंक गिरकर 57,197 के स्तर पर बंद हुआ था। वहीं, निफ्टी 221 अंक गिरकर 17,172 के स्तर पर बंद हुआ था। निफ्टी ने 22 अप्रैल को डेली चार्ट पर बियरिश कैंडल बनाया था जो बाजार में कंमजोरी कायम रहने का संकेत है। पिछले हफ्ते निफ्टी करीब 2 फीसदी की गिरावट के साथ वीकली स्केल पर लॉन्ग लेग्ड डोजी पैटर्न बनाता दिखा।
