रिटायरमेंट के बाद जमा पूंजी को सुरक्षित रखने का सबसे पसंदीदा जरिया फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) है। बैंक या पोस्ट ऑफिस में निवेश करने पर निश्चित ब्याज मिलता रहता है, जो दवाइयों, घर के खर्च और छोटे-मोटे जरूरतों को आसानी से पूरा कर देता है। लेकिन ब्याज आने पर टीडीएस (टैक्स डिडक्टेड एट सोर्स) कटने की चिंता बुजुर्गों को परेशान कर देती है। अच्छी खबर यह है कि 1 अप्रैल 2025 से लागू नए नियमों से सीनियर सिटीजन्स ₹1 लाख तक ब्याज पर पूरी तरह TDS से मुक्त हैं, और स्मार्ट प्लानिंग से इससे ज्यादा पर भी बच सकते हैं।
