मध्यपूर्व में लड़ाई भीषण रूप लेती दिख रही है। अमेरिका और इजरायल ने 7 अप्रैल को ईरान पर हमले तेज कर दिए। दोनों ने मिलकर ईरान में प्रमुख इंफ्रास्ट्रक्चर ठिकानों पर कई हमले किए। इजरायल की सेना ने इसके बारे में बताया है। उसने कहा है कि नए हमलों में ईरान में कई ठिकानों को निशाना बनाया गया है। उधर, ईरान ने कहा है कि वह अमेरिका और उसके सहयोगी देशों को कई सालों तक ऑयल और गैस की सप्लाई रोक देगा। ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने कहा है कि देश की रक्षा की रक्षा के लिए 1.4 करोड़ देशवासी बलिदान को तैयार हैं। उन्होंने कहा कि इनमें वह भी शामिल हैं।
