Budget 2023-2024: केंद्रीय बजट में केंद्रीय कानून मंत्रालय (Union Law Ministry) को लगभग 1,900 करोड़ रुपये 2024 के लोकसभा चुनावों से पहले इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) खरीदने के लिए आवंटित किए गए हैं। बजट दस्तावेज के मुताबिक, चुनाव आयोग द्वारा EVM की खरीद के लिए 1,891.78 करोड़ रुपये कानून मंत्रालय को आवंटित किए हैं। बता दें कि केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 1 फरवरी को वित्त वर्ष 2023-24 का बजट संसद में पेश किया। वित्तमंत्री ने बजट 2023-24 पेश करते हुए कई बड़े ऐलान किए। बजट में वित्त मंत्री ने महिलाओं, किसानों, गरीबों और टैक्सपेयर्स के लिए बड़ी घोषणाएं की हैं।
बजट दस्तावेज के मुताबिक, ‘‘यह प्रावधान बैलेट यूनिट, कंट्रोल यूनिट और वोटर वेरिफिएबल पेपर ऑडिट ट्रायल यूनिट (पेपरट्रेल मशीन) की खरीद और EVM पर सहायक व्यय और अप्रचलित ईवीएम नष्ट करने के लिए चुनाव आयोग को धन उपलब्ध कराने के वास्ते किया गया है। बता दें कि एक कंट्रोल यूनिट और कम से कम एक बैलेट यूनिट से एक ईवीएम बनती है।
इस साल होने वाले नौ राज्यों के विधानसभा चुनावों और 2024 के लोकसभा चुनावों से पहले केंद्रीय मंत्रिमंडल ने पिछले महीने निर्वाचन आयोग के लिए अतिरिक्त इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन की खरीद के वास्ते धनराशि के लिए कानून मंत्रालय के प्रस्ताव को मंजूरी दी थी।
सूत्रों ने तब कहा था कि एक ही प्रकार की और इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनें (जो वर्तमान में उपयोग में हैं) भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड और इलेक्ट्रॉनिक्स कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड से खरीदी जाएंगी। ये दो ऐसे सार्वजनिक उपक्रम हैं जो EVM की शुरुआत से ही इनका निर्माण कर रहे हैं।
उन्होंने कहा था कि मतदाताओं और मतदान केंद्रों की संख्या में वृद्धि के साथ अधिक मशीन की आवश्यकता होगी। उन्होंने कहा था कि जो ईवीएम अपना समय पूरा कर लेती हैं और जो क्षतिग्रस्त हो जाती हैं उन्हें भी बदलने की जरूरत है।
2004 से अब तक चार लोकसभा और 139 विधानसभा चुनावों में EVM का इस्तेमाल किया जा चुका है। कानून मंत्रालय में विधायी विभाग EVM, चुनाव कानून और संबंधित नियमों सहित निर्वाचन आयोग से संबंधित मुद्दों से निपटने के लिए नोडल एजेंसी है।