Get App

एंप्लॉयीज की सैलरी बांटने के लिए Dunzo का बड़ा फैसला, OneTap के साथ की साझेदारी

नकदी की दिक्कतों से जूझ रही डुंजो (Dunzo) ने एंप्लॉयीज की अगस्त की सैलरी के लिए एनबीएफसी वनटैप (OneTap) से हाथ मिलाया है। क्विक कॉमर्स स्टार्टअप डुंजो ने वनटैप के साथ साझेदारी करने का फैसला ऐसे समय में लिया जब वह इससे पहले कई डेडलाइन चूक चुकी है और एंप्लॉयीज को अगस्त का वेतन नहीं बांट पाई है। इसके अलावा इसने अभी तक जून और जुलाई के बकाया वेतन के हिस्से का भी पेमेंट नहीं किया है

Edited By: Moneycontrol Newsअपडेटेड Sep 14, 2023 पर 8:51 AM
एंप्लॉयीज की सैलरी बांटने के लिए Dunzo का बड़ा फैसला, OneTap के साथ की साझेदारी
2015 से लेकर अब तक Dunzo रिलायंस रिटेल (Reliance Retail), गूगल (Google), लाइटरॉक (Lightrock), लाइटबॉक्स (Lightbox), ब्लूम वेंचर्स (Blume Ventures) समेत कुछ अन्य जगहों से करीब 50 करोड़ डॉलर जुटा चुकी है।

नकदी की दिक्कतों से जूझ रही डुंजो (Dunzo) ने एंप्लॉयीज की अगस्त की सैलरी के लिए एनबीएफसी वनटैप (OneTap) से हाथ मिलाया है। क्विक कॉमर्स स्टार्टअप डुंजो ने वनटैप के साथ साझेदारी करने का फैसला ऐसे समय में लिया जब वह इससे पहले कई डेडलाइन चूक चुकी है और एंप्लॉयीज को अगस्त का वेतन नहीं बांट पाई है। इसके अलावा इसने अभी तक जून और जुलाई के बकाया वेतन के हिस्से का भी पेमेंट नहीं किया है। मनीकंट्रोल ने पहले जानकरी दी थी कि कि बेंगलुरु स्थित इस स्टार्टअप ने 4 सितंबर से एंप्लॉयीज को को बैचों में पेमेंट करने का वादा किया था लेकिन फिर इसमें फिर देरी हो गई।

वनटैप को कैपिटल ट्रेड लिंक्स (CTL) ऑपरेट करती है जो BSE पर लिस्टेड है। यह कारोबारी लोन, प्रॉपर्टी गिरवी रखकर लोन, गाड़ियों के लिए लोन, पर्सनल लोन इत्यादि मुहैया कराती है। कैपिटल ट्रेड लिंक्स स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) जैसे बड़े बैंकों से जुड़ी हुई है। इसके अलावा यह क्रेडइन, सैलरी दोस्त, एएफजी बिजनेस, महिला मनी से भी जुड़ी हुई है।

एंप्लॉयीज को कब तक मिल जाएगी सैलरी

कंपनी ने एंप्लॉयीज को जो मेल 13 सितंबर को भेजा है, उसमें लिखा है कि एंप्लॉयीज को उनकी सैलरी 14 सितंबर या 15 सितंबर तक मिल जाएगी। कंपनी का कहना है कि साझेदारी डुंजो और वनटैप के बीच हुई है तो सभी देनदारियों का दायित्व पूरी तरह से डुंजो के पास ही रहेगा। एंप्लॉयीज के लिए यह बिना किसी ब्याज या रीपेमेंट या रीपेमेंट ऑब्लिगेशन्स के रेगुलर सैलरी क्रेडिट के तौर पर माना जाएगा। चूंकि डुंजो ने सैलरी को लेकर कई डेडलाइन मिस की है तो कुछ समय पहले इसने सैलरी पर 12 फीसदी का सालाना ब्याज देने का भी वादा किया था। इसे लेकर पॉजिटिव माहौल था क्योंकि डुंजो पैसे जुटाने वाली थी लेकिन टाइमलाइन तय नहीं था।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें