Covid 19 cases : दिल्ली, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में संक्रमण बढ़ने के साथ देश में कोविड-19 के मामले फिर से बढ़ने शुरू हो गए हैं। दिल्ली में पिछले हफ्ते जहां लगभग 200 केस सामने आए थे, वहीं अब 5.33 फीसदी की पॉजिटिविटी रेट के साथ रोज 500 से ज्यादा मामले सामने आ रहे हैं। राष्ट्रीय राजधानी में मंगलवार को 202 मामले दर्ज किए गए थे, वहीं रविवार को कोविड के 517 मामले सामने आए थे।
हरियाणा में कोविड केस कम, लेकिन 4 गुनी बढ़ोतरी
भले ही हरियाणा में कोविड के मामले कम हैं, लेकिन रविवार को रोज का आंकड़ा बढ़कर चार गुना हो गया है। राज्य में कोविड के 200 से ज्यादा मरीज सामने आए। सबसे ज्यादा संक्रमण गुरुग्राम में सामने आ रहे हैं।
दूसरी तरफ, उत्तर प्रदेश में रविवार को 135 लोग पॉजिटिव पाए गए। गाजियाबाद और गौतम बुद्ध नगर में अलर्ट के साथ सक्रिय मामलों की संख्या अब 600 से ज्यादा हो गई है।
कोविड संक्रमण में 11 हफ्ते की गिरावट के बाद, पिछले हफ्ते की तुलना में भारत में इस हफ्ते संक्रमण में 35 फीसदी की बढ़ोतरी रही। दिल्ली, हरियाणा और उत्तर प्रदेश सहित कई राज्यों में संक्रमण के मामले बढ़ गए हैं। कुल मामलों की कम संख्या के बावजूद तीन राज्यों में बढ़ोतरी तेज रही है।
टाइम्स ऑफ इंडिया के मुताबिक, देश में रविवार को समाप्त हफ्ते के दौरान 6,610 नए मामले सामने आए, जबकि पिछले हफ्ते यह आंकड़ा 4,900 रहा था।
इसके अलावा, हफ्ते के दौरान देश में कोविड-19 से 27 नई मौतों के साथ मरने वालों की संख्या में गिरावट जारी है। पिछले हफ्ते 54 मौत हुई थी, जिनमें से 13 केरल के थे।
रोज के मामले 90 फीसदी बढ़े
देश की बात करें तो पिछले 24 घंटे में कोरोना वायरस (coronavirus) के 2,183 नए मामले सामने आए हैं और एक दिन में 214 संक्रमित मरीजों की मौत हो गई है। दैनिक मामलों में लगभग दोगुनी या 90 फीसदी की बढ़ोतरी रही। एक दिन में 1985 मरीज ठीक हुए हैं। वहीं कल यानी 17 अप्रैल को 1,150 नए मामले सामने आए थे और 04 मरीजों की मौत हो गई थी।
यूनियन हेल्थ मिनिस्ट्री के मुताबिक देश में मौजूदा समय में एक्टिव मामलों की संख्या 11,542 हो गई है। अब तक कुल 4,25,10,773 कोरोना संक्रमित मरीज ठीक हो चुके हैं। वहीं कोरोना वायरस संक्रमण से अब तक 5,21,965 मरीजों की मौत हो गई है। कुल कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़कर 4,30,44,280 पहुंच गई है।
अभी तक चौथी लहर की दस्तक नहीं
आईआईटी कानपुर के प्रोफेसर मनिंदा अग्रवाल ने भारत में चौथी लहर की आशंकाएं कम बताई हैं। प्रोफेसर के गणितीय मॉडल से पिछले दो साल महामारी से जुड़ी गतिविधियों का संदर्भ लिया गया है। उन्होंने कहा, “अभी तक कोविड-19 के मामलों में बढ़ोतरी से चौथी लहर के संकेत नहीं हैं।”