Get App

Credit Cards: भारत में क्या कोई स्टूडेंट अपना क्रेडिट कार्ड बनवा सकता है?

Credit Cards: ज्यादातर बैंक ऐसे लोगों को क्रेडिट कार्ड इश्यू करते हैं, जिनकी रेगुलेर इनकम होती है। बैंक स्टूडेंट्स को क्रेडिट कार्ड इश्यू करने में दिलचस्पी नहीं दिखाते, क्योंकि उनके पास रेगुलेर इनकम के प्रूफ नहीं होते। इस वजह से यह थोड़ा मुश्किल होता है

Edited By: Rakesh Ranjanअपडेटेड Mar 17, 2026 पर 3:00 PM
Credit Cards: भारत में क्या कोई स्टूडेंट अपना क्रेडिट कार्ड बनवा सकता है?
क्रेडिट कार्ड होने से स्टूडेंट को कई जरूरी ट्रांजेक्शन करने में आसानी होती है।

Credit Cards: आज के स्टूडेंट्स रुपये-पैसे के इस्तेमाल के मामले में काफी जागरूक हैं। खासकर कॉलेज के स्टूडेंट्स तो कई बड़े ट्रांजेक्शन खुद करते हैं। उन्हें हर ट्रांजेक्शन के लिए माता-पिता के एप्रूवल की जरूरत नहीं पड़ती है। सवाल है कि क्या एक कॉलेज स्टूडेंट अपना क्रेडिट कार्ड बनवा सकता है?

इंडिया में स्टूडेंट्स के लिए क्रेडिट कार्ड बनवाना थोड़ा मुश्किल है। ज्यादातर बैंक ऐसे लोगों को क्रेडिट कार्ड इश्यू करते हैं, जिनकी रेगुलेर इनकम होती है। बैंक स्टूडेंट्स को क्रेडिट कार्ड इश्यू करने में दिलचस्पी नहीं दिखाते, क्योंकि उनके पास रेगुलेर इनकम के प्रूफ नहीं होते। लेकिन, इसका मतलब यह नहीं कि इंडिया में स्टूडेंट्स के लिए क्रेडिट कार्ड बनवाने के सभी रास्ते बंद हैं।

स्टूडेंट्स के लिए क्रेडिट बनवाने के रास्ते थोड़े अलग हैं। सबसे आसान रास्ता बैंक फिक्स्ड डिपॉजिट का है। स्टूडेंट या उसके माता-पिता बैंक में फिक्स्ड डिपॉजिट कर सकते हैं। फिर बैंक उस फिक्स्ड डिपॉजिट पर क्रेडिट कार्ड इश्यू करता है। इस क्रेडिट कार्ड के खर्च की लिमिट आम तौर पर फिक्स्ड डिपॉजिट के अमाउंट के बराबर होती है।

इसे एक उदाहरण की मदद से समझ सकते हैं। मान लीजिए कोई व्यक्ति बैंक में 40,000 या 50,000 रुपये का फिक्स्ड डिपॉजिट करता है। इस एफडी पर इश्यू किए गए कार्ड की लिमिट इसी अमाउंट के करीब होगी। चूंकि बैंक के पास सिक्योरिटी के रूप में एफडी होता है, जिससे वह इनकम नहीं होने के बावजूद स्टूडेंट को क्रेडिट कार्ड इश्यू कर देता है।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें