Chhath Puja 2025 Kharna Prasad: हिंदू धर्म में कार्तिक मास का बहुत महत्व माना गया है। ये पूरा महीना धार्मिक आस्था और श्रद्धा को समर्पित होता है, क्योंकि इसमें एक के बाद एक कई बड़े त्योहार और व्रत आते हैं। इसी मास की शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि से लोकआस्था के महापर्व छठ पूजा की शुरुआत होती है। चार दिनों तक चलने वाली इस पूजा को लोग बड़ी आस्था और सख्त नियमों का पालन करते हुए मनाते है। इसके पहले दिन नहाय-खाय होता है और दूसरे दिन खरना किया जाता है। कार्तिक शुक्ल पक्ष की पंचमी को मनाया जाने वाला खरना अनुष्ठान का प्रसाद बहुत महत्वपूर्ण होता है। इस प्रसाद को ग्रहण करने के बाद से व्रतियों का 36 घंटों का निर्जला व्रत भी शुरू होता है। इसलिए इसमें साफ-सफाई और शुद्धता का विशेष ध्यान दिया जाता है। आइए जानें खरना प्रसाद के नियम
