पर्सनल लोन और ओवरड्राफ्ट दोनों ही एक्स्ट्रा फंड उपलब्ध कराते हैं, लेकिन इनका काम करने का तरीका अलग-अलग होता है. जहां पर्सनल लोन में अमाउंट एक ही बार में दिया जाता है और रिपेमेंट भी फिक्स होता है, वहीं ओवरड्राफ्ट में आप तय लिमिट तक फ्लेक्सिबल तरीके से फंड ले सकते हैं. ओवरड्राफ्ट में ब्याज सिर्फ इस्तेमाल किए गए अमाउंट पर लगता है.
अपडेटेड Jan 28, 2026 पर 03:20 PM