वैश्विक बाजार में सोने की कीमतें मजबूत डॉलर और मुनाफावसूली के दबाव में गिर गईं। लेकिन फिर भी सोना 1980 के बाद से अपने सबसे बड़े मंथली गेन की ओर बढ़ रहा है। इसकी वजह है कि भू-राजनीतिक तनाव और आर्थिक अनिश्चितताओं के बीच निवेशक, सेफ एसेट के तौर पर इसमें लगातार निवेश कर रहे हैं। रॉयटर्स के मुताबिक, वैश्विक बाजार में सोने का हाजिर भाव 0.9% गिरकर 5346.42 डॉलर प्रति औंस पर रहा। बीच में यह 4.6% की गिरावट के साथ 5149.99 डॉलर प्रति औंस तक भी गया लेकिन बाद में संभल गया। एक दिन पहले इसने 5594.82 डॉलर प्रति औंस का पीक छुआ था।
