मुथुवेल करुणानिधि स्टालिन का जन्म 1 मार्च 1953 को हुआ है। स्टालिन तमिलनाडु के 8वें मुख्यमंत्री और दक्षिण भारतीय राजनीति के एक बेहद प्रभावशाली राजनेता हैं। वह द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (DMK) के अध्यक्ष
विधानसभा के ये चुनाव कई मायनों में खास हैं। तमिलनाडु में फिल्म स्टार से राजनीति में आए विजय की टीवीके की जीत ने हैरान किया है। उधर, पश्चिम बंगाल में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की टीएमसी की हार से भी कई लोग अचंभित हैं
1970 के दशक में आपातकाल के दौरान स्टालिन को मीसा (MISA - Maintenance of Internal Security Act) के तहत जेल में डाला गया था। उन्होंने जेल के भीतर काफी उत्पीड़न सहा और अपनी कॉलेज की अंतिम वर्ष की परीक्षाएं भी जेल से ही दी थीं।
मुख्यमंत्री बनने से पहले स्टालिन 1996 से 2002 तक चेन्नई के पहले सीधे निर्वाचित मेयर (Mayor) रहे। इसके अलावा, वह 2009 से 2011 के बीच तमिलनाडु के पहले उपमुख्यमंत्री के रूप में भी कार्य कर चुके हैं।
स्टालिन के 'द्रविड़ मॉडल' के तहत कई जन-कल्याणकारी योजनाएं शुरू की गई हैं, जिनमें 'नान मुधलवन' (कौशल विकास), स्कूली बच्चों के लिए 'मुख्यमंत्री नाश्ता योजना' और जन शिकायतों के निवारण के लिए 'उंगल थोकुथियिल मुधलमैचर' प्रमुख हैं।
स्टालिन तमिलनाडु के पूर्व मुख्यमंत्री और DMK के दिग्गज नेता एम. करुणानिधि के पुत्र हैं। वर्तमान में उनके पुत्र उदयनिधि स्टालिन तमिलनाडु के उपमुख्यमंत्री के रूप में कार्यरत हैं। स्टालिन स्वयं को एक नास्तिक बताते हैं और द्रविड़ विचारधारा का पालन करते हैं।